शेयर बाजार में आज डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ का बिल्कुल भी डर नजर नहीं आया, जबकि 1 अप्रैल को इसी आशंका में बाजार बिखर गया था। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड आज यानी 2 अप्रैल से भारत सहित कई देशों पर रेसिप्रोकल टैरिफ लागू कर रहे हैं। आज देर रात से ट्रंप टैरिफ अमल में आ जाएगा। माना जा रहा था कि रेसिप्रोकल टैरिफ वाले दिन बाजार मंदी की चपेट में आ सकता है, लेकिन हुआ इसके एकदम उलट। बाजार खुलने के साथ ही सेंसेक्स और निफ्टी तेजी से दौड़े कारोबार की समाप्ति तक बढ़त कायम रखने में कामयाब रहे।
ऐसा रहा मार्केट का हाल
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 594.54 अंकों की मजबूती के साथ 76,619.05 पर बंद हुआ। जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 166.65 अंक उछलकर 23,332.35 के लेवल पर पहुंच गया। इस दौरान, दबाव वाले फार्मा और आईटी इंडेक्स में भी उछाल देखने को मिला। BSE पर लिस्टेड कंपनियों में Zomato, टाइटन, इंडसइंड बैंक, मारुति, अडानी पोर्ट्स और भारती एयरटेल सबसे अधिक बढ़त हासिल करने में कामयाब रहे। जबकि NTPC, महिंद्रा, एशियन पेंट्स, नेस्ले और रिलायंस में गिरावट देखने को मिली।
यहां से आया हौसला
टैरिफ की आशंका के बीच बाजार का उछाल के साथ कारोबार करना, एक तरह से इस विश्वास को दर्शाता है कि भारत को ज्यादा नुकसान नहीं होगा। दरअसल, ऐसी खबरें सामने आई हैं कि भारत अमेरिकी आयात पर 23 अरब डॉलर मूल्य के टैरिफ में कटौती करने के लिए भी तैयार है। डोनाल्ड ट्रंप भी मंगलवार को इसका जिक्र किया था। उन्होंने कहा था कि मैंने सुना है कि भारत अब अमेरिकी सामानों पर टैक्स कम करने जा रहा है। इसके अलावा, कल अमेरिकी बाजार में आई मजबूती से भी हमारे बाजार को सपोर्ट मिला। अमेरिका का एसएंडपी 500 और नैस्डैक कंपोजिट दोनों उछाल के साथ बंद हुए, जबकि डॉव जोन्स में मामूली गिरावट आई।
कम हुई घबराहट
बाजार रेसिप्रोकल टैरिफ को लेकर आशंकित जरूर है, लेकिन उसकी घबराहट में कमी आई है। स्टॉक मार्केट में डर का संकेत देने वाला इंडिया वोलैटिलिटी इंडेक्स (India VIX) में आज कारोबार के दौरान गिरावट देखने को मिली है, जो दर्शाता है कि बाजार में घबराहट कम हो रही है। हालांकि, असल तस्वीर कल सामने आएगी। रेसिप्रोकल टैरिफ भारतीय समय अनुसार आज देर रात लागू होगा। इस दौरान हुए ऐलान का असर भारतीय बाजार पर कल दिखाई देगा। अगर ऐलान भारत को बड़ी नुकसान पहुंचाने वाले होते हैं, तो फिर मार्केट में सुस्ती लौट सकती है।
कई फैक्टर्स से तय होगी चाल
एक्सपर्ट्स का कहना है कि टैरिफ के साथ-साथ और भी कुछ फैक्टर हैं जो बाजार की चाल निर्धारित करेंगे। उदाहरण के तौर पर कंपनियों के चौथी तिमाही के नतीजे आने वाले हैं। इसके अलावा भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति की बैठक भी होनी है, जिसमें नीतिगत ब्याज दरों को लेकर निर्णय होना है। कई कंपनियों के तीसरी तिमाही नतीजे अपेक्षाकृत कमजोर रहे थे, जिसका प्रभाव बाजार पर भी नजर आया था। उनका यह भी कहना है कि रेसिप्रोकल टैरिफ के ऐलान के बाद इसे लेकर अनिश्चितता कम होने की उम्मीद है। लेकिन बाजार में अगले कुछ सत्रों में उतार-चढ़ाव दिखाई दे सकता है।
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Apr 02, 2025 16:04
Edited By
Neeraj