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गाजा: गोलीबारी में मारी गई नर्स के जनाजे में उमड़ी भीड़, आतंकी ठिकानों पर इजरायल का हमला

गाजा: गाजा में शनिवार (2 जून) को हजारों की संख्या में फिलीस्तीनी नागरिक विरोध प्रदर्शनों के दौरान इजरायली गोलीबारी में मारी गई नर्स के जनाजे में शामिल हुए. ‘बीबीसी’ की रिपोर्ट के अनुसार, फिलीस्तीनी स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि दक्षिणी गाजा में सीमा के पास एक घायल की मदद के लिए आगे आई 21 वर्षीया रजान अल-नजर इजरायल की गोलीबारी में मारी गई. शनिवार (2 जून) को फिलिस्तीन के झंडे में रजान के शव को लपेटकर बड़ी संख्या में काफिला सड़कों पर उतरा. इस दौरान रजान के पिता खून से सना उसका मेडिकल जैकेट लेकर चल रहे थे, जबकि अन्य लोग बदले की मांग कर रहे थे.

फिलिस्तीन की मेडिकल रिलीफ सोसाइटी का कहना है कि रजान एक घायल प्रदर्शनकारी की मदद के लिए आगे आई थी और उसे गोली मार दी गई. बयान के मुताबिक, “जेनेवा कन्वेंशन के तहत मेडिकलकर्मियों पर गोलीबारी करना युद्धअपराध है.” मध्यपूर्व के लिए संयुक्त राष्ट्र के दूत निकोलई म्लादेनोव ने ट्वीट कर कहा कि इजरायल को अपनी सैन्य कार्रवाई की जांच करनी चाहिए और हमास को सीमा पर इस तरह की घटनाओं से बचना चाहिए. इजरायली सेना ने बयान जारी कर कहा है कि वह मौत की जांच करेगा. यह घटना गाजा-इजराइल सीमा पर सप्ताहभर पहले हुई घातक हिंसा के बाद हुई है. इस दौरान इजरायली सेना की गोलीबारी में 100 से अधिक प्रदर्शनकारी फिलीस्तीनी नागरिकों की मौत हो गई थी.

गाजा, इजरायल ने एक दूसरे को निशाना बनाया
इजरायल ने गाजा में एक दर्जन से अधिक आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया है. यह जानकारी रविवार (3 जून) को सेना ने दी. दक्षिणी गाजा में सीमा पर इजरायली हमले में एक महिला चिकित्सा स्वयंसेवी के अंतिम संस्कार में हजारों फिलिस्तीनियों के शामिल होने के कुछ घंटे के बाद यह हालिया हमला किया गया.

सेना ने रविवार (3 जून) को एक बयान में बताया कि पहले हवाई हमले में इजरायली ‘‘लड़ाकू विमानों ने गाजा पट्टी में हमास आतंकी संगठन से संबंधित तीन सैन्य ठिकानों में 10 आतंकवादी स्थलों को निशाना बनाया.’’ सेना ने बताया, ‘‘निशाना बनाई गयी जगहों में हमास की गोलाबारूद सामग्री निर्माण और भंडारण के दो स्थल और एक सैन्य परिसर शामिल है.’’ यह कार्रवाई इजरायल पर दागे गए राकेटों के प्रत्युत्तर में थी. सेना के बयान में यह भी कहा गया है कि सप्ताहांत में हमास आतंकी गुट की विभिन्न आतंकी गतिविधियों के जवाब में यह कार्रवाई की गई.